Fiqh of Taharah taught by Sister Ruby Tariq Day 1 June 4th 2023
完整文本记录
अल्हम्दुलिल्लाह
[संगीत]
अल्हम्दुलिल्लाह मैं आप सबको
आना काबुल फरमाए अल्लाह ताला इस मजलिस से
हमें बहुत अच्छी-अच्छी बातें सीखने की
तौफीक आता फरमाए
क्या जरूरी है माशाल्लाह
यह बताइए
इंसान को ना एक मोटिवेशन की जरूर होती
हमेशा
कुछ चीजों के बड़े में कैजुअल भी हो जाता
है और कुछ को उसे तैयार से और शक से नहीं
करता जो उसे करना चाहिए
बिल्कुल और अगर बहुत पहले शिखा था तो कुछ
चीजों में अगर कन्फ्यूजन है तो वो
कन्फ्यूजन हमारी क्लियर हो जाति है और फिर
इसी तरह हम ज्यादा पूरे मद हो जाते हैं
उसे संभल के बड़े में
साथिया देखिए
ना जैसे आपके घर में बच्चे हैं बाकी घर
वाले हैं बहन भाई है और उनको भी बहुत दफा
क्वेश्चन हो सकते हैं
तो अब यह है की जब आपके पास एक पुख्ता इल
होगा तो आप फैमिली को भी शिखा सकेंगे और
जितना
मेच्योरिटी आई जाति है उतना हम कॉन्फिडेंट
होकर दूसरे को भी शिखा सकते हैं अब आप
देखें किसी भी सब्जेक्ट को पढ़ना के लिए
एक यू नो अच्छे और क्वालिफाइड स्टार का
होना भी जरूरी है कल हम सिर अल्लाह सुहाना
कल ने हम सबको अपॉर्चुनिटी दी की हम एक
बहुत ही बेहतरीन और क्वालिफाइड हमारी
उस्ताद है सिस्टर रूबी तारिक
उनको हमने अल्हम्दुलिल्लाह रिक्वेस्ट की
की वो हमें ये सब्जेक्ट पढ़ा दें और खास
तोर पर समर में हमने इसलिए भी इसको कस
किया के माशाल्लाह बच्चों की छुट्टियां
होती हैं और वीकेंडो वैसे भी हमारे पास
वक्त होता है तो क्यों ना अपने वीकेंड्स
को प्रोडक्टिव बनाया जाए
कराची
धरेक्टर थी और अल्हम्दुलिल्लाह पाकिस्तान
से मूव हुई हैं रिसेंटली उस
अल्हम्दुलिल्लाह सिस्टर बी मैं आपको वेलकम
करती हूं उस में अल्लाह ताला आपका आना
बहुत बाबरकत बना है और इनकी जो जर्नी है
आलूदा के साथ और 1996 में शुरू ही
माशाल्लाह यानी इतने सालों से ये अल हुडा
के साथ कनेक्ट है पहले इस एन स्टूडेंट और
उसके बाद 2000 में उन्होंने अलहुदा के साथ
आज एन टीचर कम शुरू किया फिर कोर्स इन कर
सब्जेक्ट टीचर एडमिनिस्ट्रेटर फिर इसी तरह
आप देखेंगे की जो वीकली दर्ज होते हैं
लोगों के घरों में मुख्तलिफ तरह दर्द देना
यानी जैसे-जैसे अल्लाह ताला ने इनको
अपॉर्चुनिटी दी इन्होंने एलएस भरना तलाक
के दिन की खिदमत की और इसके साथ-साथ आप
देखिए ना सिर्फ यह की इन्होंने अलहुदा के
प्लेटफॉर्म से लोगों को बेनिफिट किया
बल्कि टीवी प्रोग्राम्स में भी और साथ साथ
रेडियो प्रोग्राम्स में भी यह लोगों को
अल्लाह ताला के दिन के बड़े में बताती रही
है एजुकेटेड कट्टी नहीं ताकि लोग इस बात
को समझ सकें की हमें दुनिया में अल्लाह ने
क्यों भेजो और फिर इसके बाद इन्होंने वैसे
जो इनकी सेकुलर एजुकेशन है माशाल्लाह
इन्होंने बैचलर्स किया हुआ है एरोबिक
इस्लामिक हिस्ट्री और इस्लामिक स्टडीज में
और फिर बाजू को हम देखते हैं ना की अच्छा
ये तो माशाल्लाह इतना कम कर रही हैं दिन
का और इतनी बीजी है तो शायद यू नो बहुत
इनकी लाइफ में इतनी इतनी जिम्मेदारियां
नहीं होंगे बस और ये जहां में आता है ना
वह भी मैं चीज यहां जरूर मेंशन करना चाहती
हूं की माशाल्लाह रूबी के छह बच्चे हैं और
जब मैं आलू दम में
रूबी को जानती हूं और अल्हम्दुलिल्लाह
सकते एक तो बहुत न्यूबॉर्न ही था और बाकी
भी सब स्कूल गोइंग बच्चे थे लेकिन आप
देखें इन्होंने इतने खूबसूरत तरीके से
बैलेंस किया दिन के कम को भी और साथ-साथ
बच्चों को भी उनकी भीतर भी है तो उनका भी
ख्याल रखना उनको भी टाइम देना और
माशाल्लाह आप तो खैर बच्चे इनके कर जो है
वो मैरिड हैं तो अभी भी जिससे पढ़ाई कर
रहे हैं अपनी लेकिन एक चीज जो हमारे सीखने
की वो ये है की अगर इंसान अल्लाह ताला के
दिन को सीखना चाहे या सीखना चाहे तो बस
उसके अंदर एक कमिटमेंट हनी चाहिए तो फिर
अल्लाह ताला खुद ही चीजों का आसन कर देते
हैं तो आप एक्साइड रूपी से सीखने के लिए
अल्हम्दुलिल्लाह दिस इसे रूबी मैं आपको
वेलकम करती हूं आज की सेशन में प्लीज आप
माइक लीजिए
सिस्टर
आपको बेहतरीन बेहतरीन जता करें दोनों
जहानों में माशाल्लाह से इतना कम आपने उस
में जी तरह से फैलाया है और जैसे आप लोगों
को फायदा दे रही हैं अल्लाह सुभान अल्लाह
आपके सारे कोशिशें को बोल करें और आप
अल्लाह सुभान अल्लाह
[संगीत]
सुभान अल्लाह
मैं आमीन समा आमीन आज तक शाजिया ने मेंशन
किया की हम आज अपनी एक शॉट जर्नी स्टार्ट
करने वाले हैं इल के साथ चाकू सहारा के
नाम से अल्हम्दुलिल्लाह अल्लाह साला
अल्लाह सुभान अल्लाह
बेनिफिट्स होते हैं और एक वो ब्यूटीफुल
हदीस तो आपने जरूर सुन राखी होगी उसके आ
फायदे के लिए की जो शख्स इल के तलाश में
किसी रास्ते पर चला है तो उसका रिवॉर्ड
उसको क्या मिलता है की अल्लाह सुभान
अल्लाह उसके लिए जन्नत का रास्ता आसन कर
देते हैं तो मेरी दुआ है की अल्लाह सुभान
अल्लाह
सबसे पहले तो इसमें देखिए की हम सबको
अल्लाह का बहुत शुक्र अदा करने की जरूर है
की अल्लाह सुभान अल्लाह ने इतना बेहतरीन
प्लेटफॉर्म हमें दे दिया की जिसमें हम
परली कुरान और सुन्नत की तालीम लेते हैं
एजुकेशन हमें मिलती है उसके बड़े में
नॉलेज मिलती है और फिर सबसे बढ़कर यह की
अल्लाह सुभान अल्लाह ने हमें मुस्लिम
फैमिली में पैदा किया ला इलाही इल्लल्लाह
के क्लाइमेट पैदा होते ही हमने सुन और फिर
अल्लाह सुभान अल्लाह से यह भी दुआ करने की
जरूर है की मरते वक्त पे अल्लाह सुभान
अल्लाह हमें कलम नसीब फरमाए और हम इस्लाम
की हालात में इस दुनिया से रुखसत हो आमीन
क्योंकि बात यह है की हर इंसान की जिंदगी
का एक स्टार्ट होता है और एक और होता है
कोई भी इंटरनल लाइफ लेकर इस दुनिया में
नहीं आता बल्कि हमारी यह दुनिया की जिंदगी
हमारी टोटल लाइफ का एक छोटा सा पोषण है
अल्लाह सुभान अल्लाह
कोई औलाद की रोहन को निकाला जिन्होंने इस
दुनिया में आना था यही वजह
सब अपनी-अपनी टर्न पर इस दुनिया में आते
हैं और अपने ही टर्न पर वापस चले जाते हैं
तो वापसी तो आप देखें मस्त है ना हम सब की
तो हमारी कोशिश पर क्या हनी चाहिए की हम
विदाउट प्रिपरेशन इस दुनिया से वापसी ये
बिल्कुल ऐसे ही के जैसे हम ट्रैवल करते
हैं तो कितनी तैयारी करते हैं अब समर ए
रहा है और आई एम सर आपके लिए प्लांस बन
चुके होंगे की होलीडेज में कहां जाना है
और फिर जब हम ये डिसाइड करते हैं तो उसके
लिए पहले से हम बैग्स तैयार करते हैं उसे
पे कपड़े डालते हैं शूज होते हैं और कितनी
जो भी जरूर की चीजें हैं फिर पासपोर्ट है
टिकट है और फिर अब देखिए की ये भी कितनी
एक बात अच्छी जाति है ना की जो जितनी
अच्छी तैयारी के साथ जाता है वो पूरे
ट्रिप पे कितना रिलैक्स होता है और वो
पूरा ट्रिप उसके लिए कितना इंजॉय बाल बन
जाता है तो हम सब के लिए भी बहुत जरूरी है
की इस जर्नी की तैयारी करें जो वन वे जानी
और उसके बाद हमें कभी वापस नहीं आना और
उसके बड़े में इल हासिल करें नॉलेज हो
हमें की वहां मांगा क्या जाएगा अब देखिए
ना की जब आप सब जानते होंगे क्योंकि आप सब
भी यहां आए हैं तो जी मैं खुद भी इस पूरे
प्रोसेस से गुजरी हूं की जी अमूल की
इमीग्रेशन हमें लेनी होती है हम उसके बड़े
में कितना पढ़ने हैं और कितना जानते हैं
की उनकी रिटायरमेंट क्या है क्या मांगा
जाएगा तो हमें भी ये देखना है की आखिरत
में क्या मांगा जाएगा क्या ये पूछा जाएगा
की कितना बैंक बैलेंस था या बच्चे जो है
वो कितने सक्सेसफुल थे अपनी दुनिया की
लाइफ में या प्रॉपर्टीज कितनी थी ज्वेलरी
पीस कितने थे क्या मांगा जाएगा वहां पर
हमारा अमल मांगा जाएगा की लेक क्या आई वो
दिखाओ और वह कम जिसके लिए दुनिया में भेजो
गया था वह इबादत वो कितनी लेकर आई और इस
के लिए कुरान और सुन्नत का इल हासिल करना
यह वहां की आठ मोस्ट रेती पॉइंट है तो
अल्लाह सुभान अल्लाह
जैसी हसीन तरण जगह तैयार कर राखी है ऐसी
जन्नत की जिसको ना तो किसी आंख में देखा
ना ही किसी कान ने उसके बड़े में सुना और
ना ही कोई दिमाग उसकी खूबसूरती कर सकता है
वो संत अहमद की रिवायत से पता चला है की
जन्नत की एक ईट सोनी की और एक चांदी की आज
आप देखिए ना की जो ज्वेलरी के सेट्स बनाए
जाते हैं वह भी होता है ना व्हाइट पॉलिश
होती है
तो वो ज्यादा ब्यूटीफुल लगता
और एक चांदी की कितनी ब्यूटीफुल
तार कस्तूरी का है प्रेगनेंसी
कितनी खुशबू होगी वही कितना खुशबूदार होगा
मोती और याकूत उसकी कांकरिया पल्स और रूबी
और उसकी मिट्टी साफरान की है जो उसमें
दाखिल होगा वो खुश्क वार नेमतों वाली
जिंदगी बसर करेगा और कभी मुसीबत नहीं
पाएगा और वह हमेशा जिंदा रहेगा कभी नहीं
मारेगा ना उसके कपड़े पुराने होंगे ना
उसकी जवानी फना होगी हमेशा जवान रहेगा तो
इतना ग्रैंड और ब्यूटीफुल रिवॉर्ड अपने के